Kaali Poster Vivad : TMC की सांसद महुआ मोइत्रा को नहीं है कोई एतराज! पार्टी ने की बयान की निंदा

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तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने फिल्म काली के पोस्टर विवाद पर अपनी राय दी और कहा कि मां काली के कई रूप है और हर किसी के लिए उनकी अलग छवि है। हम उनके मांस खाने वाले रूप को स्वीकार करते हैं शायद दूसरो के लिए वह उसी तरह स्वीकार हो, महुआ मोइत्रा ने कहा कि उन्हें काली (रोड पर सिगरेट पीते हुए मां काली का पोस्टर) के पोस्टर से कोई समस्या नहीं हैं।

महुआ के इस बयान की उनकी ही पार्टी ने निंदा की और कहा कि यह महुआ मोइत्रा के निजी विचार है पार्टी के साथ इस तरह के विचार का कोई लेना-देना नहीं हैं। तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने काली देवी पर उनकी टिप्पणियों से अपनी पार्टी के दूर होने के बाद तृणमूल कांग्रेस के आधिकारिक ट्विटर हैंडल को अनफॉलो कर दिया है। मोइत्रा अब केवल टीएमसी सुप्रीमो और बंगाल की सीएम ममता बनर्जी को फॉलो करती हैं।

तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा ने मंगलवार को कहा कि काली उनके लिए मांस खाने वाली, शराब स्वीकार करने वाली देवी थीं। मोइत्रा ने इंडिया टुडे कॉन्क्लेव ईस्ट 2022 में देवी काली को सिगरेट पीते हुए एक फिल्म के पोस्टर पर विवाद के जवाब में बोलते हुए यह बात कही।

मोइत्रा ने कहा जब आप सिक्किम जाते हैं, तो आप देखेंगे कि वे देवी काली को व्हिस्की चढ़ाते हैं। लेकिन अगर आप उत्तर प्रदेश जाते हैं, और अगर आप उनसे कहते हैं कि आप देवी को ‘प्रसाद’ के रूप में व्हिस्की चढ़ाते हैं, तो वे इसे ईशनिंदा कहेंगे। काली के कई रूप है और सबके लिए उनके अलग-अलग मायने हैं। 

फिलहाल पूरे देश में धर्म के अपमान को लेकर एक आग लगी हुई हैं। उदयपुर में धर्म के नाम पर दर्जी की बेदर्दी से हत्या कर दी गयी। वहीं दूसरी तरह महाराष्ट्र में भी एक केमिस्ट को उसके ही मुस्लिम दोस्त ने अपने साथियों के साथ मिलकर इस लिए निर्मम तरीके से मार दिया क्योंकि उसने नुपुर शर्मा के समर्थन में एक पोस्ट शेयर की थी। इसी बीच काली फिल्म के पोस्टर ने आग में पेट्रोल डालने का काम किया।

हिंदू धर्म के लोग अपनी पूजनीय देवी को रोड पर सिगरेट पीते हुए फिल्म के पोस्टर में देखकर हैरान है और इसकी निंदा कर रहे हैं। उन्होंने फिल्म के निर्माता को गिरफ्तार करने की मांग की है। काली डॉक्यूमेंट्री फिल्म का पोस्टर हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसमें कई लोगों ने कहा कि यह पोस्टर हिंदू देवी का अपमान है और धार्मिक भावनाओं को आहत करता है।